हरिद्वार, 10 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। चारधाम यात्रा के आधिकारिक आगाज से पहले तीर्थनगरी हरिद्वार में खाद्य सुरक्षा विभाग ने कमर कस ली है। यात्रियों की सेहत और मिलावटखोरी को रोकने के उद्देश्य से विभाग की टीम ने शुक्रवार को हरिद्वार रोडवेज बस अड्डे और सेक्टर-4 स्थित पीठ बाजार में विशेष चेकिंग अभियान चलाया।
इस दौरान मोबाइल टेस्टिंग लैब के जरिए मौके पर ही खाद्य पदार्थों की प्राथमिक गुणवत्ता की जांच की गई और संदिग्ध पाए गए 33 नमूनों को विस्तृत जांच के लिए रुद्रपुर स्थित स्टेट फूड टेस्टिंग लैब भेजा गया है।
नकली ब्रांड और मिस-ब्रांडिंग पर कड़ा रुख
जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी एम.एन. जोशी ने बताया कि रोडवेज बस अड्डे के पास हो रही जांच में यह बात सामने आई है कि कई स्थानीय मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स स्थापित ब्रांडों से मिलते-जुलते नाम और पैकेजिंग का उपयोग कर पानी बेच रही हैं।
जांच में पानी की कई बोतलें ‘सब-स्टैंडर्ड’ (मानक से कम) और ‘मिस-ब्रांडिंग’ की श्रेणी में पाई गईं। विभाग ने ऐसी सभी पानी की फैक्ट्रियों को तत्काल नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। अधिकारियों का कहना है कि गर्मियों के सीजन में सक्रिय होने वाले इन अवैध पेय पदार्थ निर्माताओं के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
पीठ बाजार से मसालों के 26 सैंपल लिए
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने सेक्टर-4 स्थित पीठ बाजार में भी दबिश दी, जहां से मिर्च-मसालों के 26 सैंपल एकत्रित किए गए। बस अड्डे के आसपास से पानी के 5, सोडा वाटर और रिफाइंड तेल के एक-एक सैंपल लिए गए। मोबाइल टेस्टिंग लैब के उपायुक्त बी.एस. बिष्ट ने स्पष्ट किया कि मोबाइल लैब में संदिग्ध पाए जाने वाले नमूनों को ही रुद्रपुर लैब भेजा जाता है।
यदि लैब रिपोर्ट में मिलावट की पुष्टि होती है, तो संबंधित विक्रेताओं और निर्माताओं के खिलाफ सीधे कोर्ट में मुकदमा दर्ज कराया जाएगा।
यात्रियों के लिए टॉल फ्री नंबर और रेट लिस्ट अनिवार्य
यात्रा मार्ग पर यात्रियों के शोषण और खराब भोजन की शिकायतों को रोकने के लिए प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किए हैं। एम.एन. जोशी के अनुसार, अब सभी दुकानदारों, होटल और ढाबा संचालकों को फूड सेफ्टी डिस्प्ले बोर्ड के साथ-साथ रेट लिस्ट लगाना अनिवार्य होगा।
इन बोर्ड्स पर विभाग का टॉल फ्री नंबर भी अंकित होगा, ताकि यात्री गुणवत्ता या अधिक दाम वसूलने पर तुरंत शिकायत कर सकें। इस अभियान के दौरान रोडवेज एजीएम विशाल चंद्रा और नगर निगम के एफएसओ कैलाश चंद टम्टा सहित विभाग के कई अधिकारी मौजूद रहे।









