देहरादून, 01 मई 2026 (दून हॉराइज़न)। उत्तराखंड में अप्रैल के अंतिम दिनों से शुरू हुआ मौसम (Uttarakhand Weather) का बदलाव अब मई के पहले सप्ताह तक जारी रहने वाला है। प्रदेश में सक्रिय हुए नए पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) ने भीषण गर्मी के दौर पर ब्रेक लगा दिया है। गुरुवार को राजधानी देहरादून समेत प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में तेज हवाओं के साथ हुई बारिश और ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी से पारे में 5 से 6 डिग्री सेल्सियस तक की बड़ी गिरावट दर्ज की गई है।
पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव और विभाग की चेतावनी
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, वर्तमान में एक मजबूत वेदर सिस्टम सक्रिय है, जिसके प्रभाव से अगले 24 घंटों में 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है। विभाग ने पूरे प्रदेश के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी करते हुए लोगों को बिजली चमकने और ओलावृष्टि के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है। विशेषकर उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ जैसे पर्वतीय जिलों में मौसम का मिजाज अधिक सख्त रह सकता है।
ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फबारी और मैदानी इलाकों में राहत
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 4200 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले स्थानों पर बर्फबारी का सिलसिला जारी रहेगा। इससे चारधाम यात्रा मार्गों और उच्च हिमालयी क्षेत्रों में ठंडक लौट आई है। वहीं, मैदानी इलाकों में जहां तापमान 40 से 43 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने के आसार थे, वहां अब मौसम सुहावना बना हुआ है। हालांकि, विभाग ने स्पष्ट किया है कि 2 मई को कुछ क्षेत्रों में मौसम शुष्क रह सकता है, लेकिन 3 मई से एक बार फिर वर्षा की गतिविधियों में तेजी आएगी।
आगामी 5 दिनों का अनुमान
मौसम विभाग के निदेशक के मुताबिक, 4 और 5 मई को प्रदेश के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और गर्जना के साथ बौछारें पड़ने की प्रबल संभावना है। इस दौरान तापमान सामान्य से नीचे बना रहेगा, जिससे लोगों को मई की शुरुआती तपिश से सुरक्षा मिलेगी। हालांकि, विशेषज्ञों ने अचानक बदलते इस मौसम के कारण स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने की अपील की है, क्योंकि तापमान में आए इस बड़े उतार-चढ़ाव से मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है।
जिलावार मौसम पूर्वानुमान (मई प्रथम सप्ताह)
| क्षेत्र/जिले | मुख्य गतिविधि | संभावित प्रभाव |
| उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग | मध्यम बारिश व बर्फबारी | चारधाम यात्रा पर प्रभाव, ठंड में वृद्धि |
| देहरादून, हरिद्वार, ऊधमसिंह नगर | हल्की बारिश व तेज हवाएं | गर्मी से बड़ी राहत, धूल भरी आंधी |
| पिथौरागढ़, बागेश्वर | ओलावृष्टि व गरज-चमक | बागवानी और फसलों को आंशिक नुकसान |









