ऋषिकेश, 22 मई 2026 (दून हॉराइज़न)। तीर्थनगरी ऋषिकेश से एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है। यहां एक सरकारी स्कूल के प्रधानाध्यापक पर 13 और 14 वर्षीय दो नाबालिग छात्राओं के साथ छेड़छाड़ करने का आरोप लगा है। परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी प्रधानाध्यापक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, यह घटना बीते मंगलवार की बताई गई है। आरोप है कि प्रधानाध्यापक ने स्कूल में पढ़ने वाली दोनों छात्राओं को किसी काम के बहाने अपने कार्यालय में बुलाया और वहां उनके साथ अनुचित व्यवहार किया।
घटना का खुलासा तब हुआ जब एक पीड़ित छात्रा स्कूल से डरी-सहमी हालत में घर पहुंची। उसकी मानसिक स्थिति देखकर परिजनों को संदेह हुआ। बार-बार पूछने पर छात्रा ने रोते हुए आपबीती सुनाई और बताया कि प्रधानाध्यापक ने उसे और उसकी सहेली को ऑफिस में बुलाकर गलत हरकत की है।
इस खुलासे के बाद आक्रोशित परिजन तुरंत स्कूल पहुंचे, लेकिन उस समय आरोपी प्रधानाध्यापक वहां मौजूद नहीं था। इसके बाद परिजनों ने सीधे पुलिस का रुख किया और आरोपी के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने शुरू की साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई
ऋषिकेश के कोतवाल कैलास चंद्र भट्ट ने बताया कि पीड़ित छात्रा के पिता की तहरीर के आधार पर आरोपी प्रधानाध्यापक के खिलाफ पॉक्सो एक्ट समेत संबंधित धाराओं में एफआईआर दर्ज कर ली गई है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए छात्राओं के बयान दर्ज करने और अन्य साक्ष्य जुटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि घटना के वक्त स्कूल में कौन-कौन मौजूद था। साथ ही, आरोपी प्रधानाध्यापक का पुराना रिकॉर्ड भी खंगाला जा रहा है ताकि यह पता लगाया जा सके कि कहीं पहले भी इस तरह की कोई शिकायत तो नहीं आई थी।
स्कूल परिसर में हुई इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों और अभिभावकों में भारी रोष है। अभिभावकों ने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है, वहीं इस मामले के बाद शिक्षा विभाग की निगरानी पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।









