देहरादून, 31 जुलाई, 2026 (दून हॉराइज़न)।
Angel Chakma Murder : त्रिपुरा के रहने वाले 24 साल के छात्र एंजेल चकमा की देहरादून में हुई क्रूर हत्या के मामले में पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। मुख्य आरोपी यज्ञराज अवस्थी पर शिकंजा कसते हुए नेपाल से भारत लाने की कानूनी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया है।
आरोपी यज्ञराज हत्याकांड के बाद से ही लगातार फरार चल रहा है और पिछले छह महीने से नेपाल में छिपा बैठा है। पुलिस की तमाम कोशिशों के बावजूद वह देश की सीमा से बाहर निकलने में कामयाब हो गया था जिसके बाद यह कड़ा कदम उठाया गया है।
पुलिस ने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पहले ही एक लाख रुपये का भारी इनाम घोषित किया हुआ है। इस घोषणा के बाद से लगातार उसकी सुरागकशी की जा रही थी और सूचना मिलने पर कानूनी शिकंजा कसा जा रहा है।
एंजेल चकमा की यह सनसनीखेज हत्या देहरादून के सेलाकुई इलाके में अंजाम दी गई थी। शुरुआती दौर में मामले को लेकर विभिन्न प्रकार की चर्चाएं सामने आई थीं जिनमें नस्लभेदी टिप्पणियों का एंगल भी काफी उछाला गया था।
हमले के दौरान एंजेल का छोटा भाई भी गंभीर रूप से जख्मी हो गया था जो इस घटना के बाद अपनी पढ़ाई बीच में ही छोड़कर त्रिपुरा वापस लौट चुका है। वह इस खौफनाक मंजर के बाद मानसिक रूप से पूरी तरह टूट चुका था।
देहरादून पुलिस ने अपनी विस्तृत जांच के बाद स्पष्ट किया था कि एंजेल को मारने वाले और पीड़ित पक्ष त्रिपुरा व नेपाल से ही ताल्लुक रखते हैं। पुलिस ने नस्लभेदी टिप्पणियों के दावों को पूरी तरह खारिज करते हुए आपसी झगड़े को ही मुख्य वजह बताया था।
गंभीर रूप से घायल होने के बाद एंजेल को अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहां वह 17 दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष करता रहा। आखिरकार 26 दिसंबर को उसने अस्पताल में दम तोड़ दिया था।
विकासनगर के क्षेत्राधिकारी अनुज कुमार ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि वारदात के दिन से ही यज्ञराज पुलिस की पकड़ से बाहर चल रहा था। तकनीकी सर्विलांस और अन्य माध्यमों से उसके नेपाल भागने की पुष्टि हो चुकी थी।
दून पुलिस काफी समय से उसके प्रत्यर्पण के लिए उच्च स्तर पर पत्राचार कर रही थी। इसी कानूनी प्रक्रिया को बल देने के लिए अब आरोपी के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रेड कॉर्नर नोटिस जारी करवा दिया गया है।
क्षेत्राधिकारी ने बताया कि संबंधित केंद्रीय और अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों के माध्यम से नेपाल सरकार के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है। प्रत्यर्पण की कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद उसे जल्द ही दून लाया जाएगा।
एमबीए की पढ़ाई करने देहरादून आए त्रिपुरा के छात्र एंजेल चकमा पर पिछले साल नौ दिसंबर को सेलाकुई क्षेत्र में जानलेवा हमला हुआ था। इस पूरे हत्याकांड में पुलिस ने कुल छह लोगों को नामजद किया था।
मुख्य आरोपी यज्ञराज अवस्थी को छोड़कर पुलिस बाकी पांच आरोपियों को घटना के कुछ समय बाद ही दबोच चुकी है। पकड़े गए कुल पांच आरोपियों में दो नाबालिग भी शामिल थे जिन्हें किशोर न्याय बोर्ड से जमानत मिल चुकी है।









