देहरादून, 7 अगस्त 2026 (दून हॉराइज़न)।
UKSSSC Vacancy 2026 : उत्तराखंड में आगामी विधानसभा चुनाव की आहट के साथ रोजगार के मोर्चे पर हलचल तेज हो गई है। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UKSSSC) ने राज्य के युवाओं के लिए एकमुश्त 4000 सरकारी नौकरियों का रास्ता साफ कर दिया है। दिसंबर 2026 की डेडलाइन तय कर दी गई है। सरकारी मशीनरी इस बड़े लक्ष्य को समय पर पूरा करने में जुट गई है।
आयोग दो अलग-अलग स्तरों पर समानांतर काम कर रहा है। करीब 2477 नए पदों के लिए बंपर आवेदन मांगे जाने का खाका तैयार है। ठीक इसी समय 1500 ऐसे पद पाइपलाइन में हैं जिनकी लिखित परीक्षाएं दिसंबर तक हर हाल में कंडक्ट कराई जानी हैं। बेरोजगार युवाओं के पास परीक्षा की तैयारी के लिए अब गिने-चुने महीने बचे हैं।
UKSSSC अध्यक्ष जीएस मर्तोलिया ने पूरी भर्ती प्रक्रिया का स्पष्ट ब्लूप्रिंट सामने रखा है। दिसंबर से पहले ठीक 2477 पदों पर आवेदन प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। विभागों से रिक्तियों का पूरा डाटा आयोग के पास पहुंच चुका है। विज्ञापन जारी करने की सारी तकनीकी औपचारिकताएं अपने अंतिम चरण में हैं।
इन 2477 पदों में सबसे ज्यादा आकर्षण वर्दीधारी नौकरियों का है। पुलिस विभाग, आबकारी और परिवहन विभाग में भारी संख्या में युवाओं को भर्ती किया जाएगा। स्केलर, कनिष्ठ सहायक और वैयक्तिक सहायक के पद भी इस नई सूची का हिस्सा हैं। स्नातक स्तरीय विज्ञान वर्ग, संस्कृत विभाग में सहायक अध्यापक और सहायक विकास अधिकारी की कुर्सियों पर भी युवाओं को किस्मत आजमाने का मौका मिलेगा।
इन नए आवेदनों के साथ ही पुरानी भर्तियों की रुकी हुई फाइलें भी तेजी से दौड़ रही हैं। 1500 पदों पर आवेदन की प्रक्रिया आयोग पहले ही खत्म कर चुका है। मर्तोलिया ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि इन सभी 1500 पदों की लिखित परीक्षाएं दिसंबर 2026 तक करा ली जाएं। परीक्षा केंद्रों के निर्धारण और प्रश्नपत्रों की सुरक्षा का काम शुरू हो गया है।
लिखित परीक्षा के लिए तैयार इन 1500 पदों में कई महत्वपूर्ण तकनीकी और प्रशासनिक पद शामिल हैं। पशुधन प्रसार अधिकारी, वैयक्तिक सहायक और सहायक लेखाकार की भर्ती परीक्षा इनमें प्रमुख है। कृषि विभाग के इंटरमीडिएट स्तर के पदों और विभिन्न सेवाओं के तकनीकी पदों के लिए लाखों युवा अपनी दावेदारी पेश करेंगे।
उत्तराखंड में 2024 से लागू सख्त नकल विरोधी कानून ने भर्ती व्यवस्था का पूरा चेहरा बदल दिया है। पेपर लीक और धांधली के मामलों पर पूरी तरह ब्रेक लग चुका है। आवेदन निकलने से लेकर नियुक्ति पत्र बंटने तक का औसत समय काफी कम हुआ है। युवा अब सिस्टम पर भरोसा करके सिर्फ अपनी मेहनत पर फोकस कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने इस पूरी भर्ती ड्राइव को अपनी सरकार की शीर्ष प्राथमिकता बताया है। बेरोजगारी खत्म करना उनका पहले दिन से लक्ष्य रहा है। विभागों में खाली पड़े पदों को भरने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। सरकार हर योग्य और मेहनती युवा को रोजगार का सीधा अधिकार दे रही है।
सरकारी आंकड़े बताते हैं कि 2022 से लेकर अब तक 34 हजार युवाओं को सरकारी नौकरियां दी जा चुकी हैं। राज्य सरकार के साढ़े चार साल के कार्यकाल का यह एक बहुत बड़ा रिकॉर्ड है। आगामी विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ दल इस 34 हजार के आंकड़े को जनता के सामने अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि के तौर पर रखेगा। 4000 नई भर्तियों का यह दूसरा चरण चुनावी मैदान में एक सीधे मास्टरस्ट्रोक का काम करेगा।









