Jewar Airport : 30 अक्टूबर 2025 को उत्तर प्रदेश के जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) का शानदार उद्घाटन होने वाला है। केंद्रीय एविएशन मंत्री राम मोहन नायडू ने बताया कि शुरुआत में इस एयरपोर्ट से देश के 10 बड़े शहरों जैसे मुंबई, बैंगलोर, कोलकाता और हैदराबाद के लिए उड़ानें शुरू होंगी।
इस खबर ने रियल एस्टेट मार्केट में हलचल मचा दी है। जेवर और आसपास के इलाकों में जमीन की कीमतें पहले से ही बढ़ रही हैं, और एयरपोर्ट शुरू होने के बाद इनमें और तेजी आने की उम्मीद है।
पितृ पक्ष में भी जमकर हुई प्रॉपर्टी की खरीदारी
आमतौर पर पितृ पक्ष में लोग संपत्ति खरीदने से कतराते हैं, लेकिन जेवर में इसका ठीक उल्टा नजारा देखने को मिला। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, जेवर के रजिस्ट्रेशन ऑफिस पर सुबह से शाम तक लोगों की भारी भीड़ लगी रहती है। 8 से 17 सितंबर के बीच प्रॉपर्टी रजिस्ट्रेशन की संख्या में जबरदस्त इजाफा हुआ। 15 सितंबर को 104, 16 सितंबर को 132 और 17 सितंबर को शाम 4 बजे तक 108 रजिस्ट्रेशन दर्ज किए गए।
यह साफ दिखाता है कि निवेशक नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) के विकास को लेकर बेहद उत्साहित हैं। जानकारों का मानना है कि आने वाले महीनों में यह रफ्तार और तेज होगी, और जैसे-जैसे एयरपोर्ट तैयार होगा, जेवर और आसपास की प्रॉपर्टी की कीमतें आसमान छूएंगी।
यमुना प्राधिकरण के नियम बनाएंगे इलाके को और खास
यमुना एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (YEIDA) के नए नियमों से भी प्रॉपर्टी की कीमतों में इजाफा होने वाला है। हाल ही में यमुना प्राधिकरण ने एयरपोर्ट के आसपास सुरक्षा और नियोजित विकास के लिए कुछ सख्त नियम लागू किए हैं। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने एक खास कलर कोडिंग वाला जोनिंग मैप तैयार किया है, जिससे यह तय होगा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) के आसपास कितनी ऊंची इमारतें बन सकती हैं।
अगर कोई निर्माण इन नियमों का पालन नहीं करता, तो उसे मंजूरी नहीं मिलेगी। इससे न सिर्फ इलाके की सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि योजनाबद्ध तरीके से विकास भी होगा। इस वजह से औद्योगिक और आवासीय प्रोजेक्ट्स को भी तेजी मिलेगी।
जेवर में प्रॉपर्टी मार्केट में आएगी बूम
किसी भी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के खुलने से इलाके में आर्थिक गतिविधियां तेजी से बढ़ती हैं और जमीन की मांग भी बढ़ जाती है। जेवर में भी ऐसा ही माहौल बन रहा है। बड़ी रियल एस्टेट कंपनियां यहां रेजिडेंशियल और कमर्शियल प्रोजेक्ट्स पर तेजी से काम कर रही हैं।
यमुना एक्सप्रेसवे और आसपास की बेहतर सड़कें, कनेक्टिविटी और नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) की सुविधा से ट्रैफिक में भी इजाफा होगा। इसके साथ ही, आईटी कंपनियां, लॉजिस्टिक्स फर्में और बड़े उद्योग भी इस इलाके में निवेश कर रहे हैं। नतीजतन, जेवर में प्रॉपर्टी की कीमतें अपने आप बढ़ने लगेंगी।
क्यों खास है नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट?
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (Noida International Airport) में 29,650 करोड़ रुपये का भारी-भरकम निवेश किया गया है। यह 5,845 हेक्टेयर के विशाल क्षेत्र में फैला है, जहां 178 विमान एक साथ खड़े हो सकते हैं। इसमें छह रनवे हैं, और भविष्य में इनकी संख्या बढ़ाने की भी योजना है। चार एक्सप्रेसवे, मेट्रो, बुलेट ट्रेन और पॉड टैक्सी से यह एयरपोर्ट जुड़ा होगा, जिससे यात्रियों को आने-जाने में बेहद आसानी होगी।
यह एयरपोर्ट न सिर्फ दिल्ली और नोएडा के लिए, बल्कि हरियाणा, गाजियाबाद, बुलंदशहर, अलीगढ़, आगरा, हाथरस और मुरादाबाद के बिजनेस और यात्रियों के लिए भी एक बड़ा कनेक्टिविटी हब बनेगा।









