Honda Sales Decline : भारत में होंडा कार्स की लोकप्रियता लगातार गिर रही है और सितंबर 2025 के आंकड़े इस बात की गवाही देते हैं। कंपनी ने इस महीने सिर्फ 8,096 यूनिट की बिक्री की, जबकि सितंबर 2024 में यह आंकड़ा 10,914 यूनिट्स था। यानी साल-दर-साल तुलना में लगभग 26% की भारी गिरावट।
आम तौर पर त्योहारों के मौसम की वजह से सितंबर में बिक्री बेहतर रहती है, लेकिन होंडा के लिए यह समय भी राहत नहीं ला सका। यह सिर्फ एक महीने का उतार-चढ़ाव नहीं, बल्कि एक लगातार गिरते ग्राफ का हिस्सा है।
जीएसटी कटौती के बाद कंपनी की बिक्री में गिरावट देखने को मिली। होंडा कार्स अब चुनौतियों से जूझ रही हैं, जहां SUV की डिमांड बढ़ रही है और सेडान मॉडल्स जैसे होंडा सिटी और होंडा अमेज पीछे छूट रहे हैं।
SUV की डिमांड और सेडान पर संकट
होंडा की पहचान उसकी सिटी (City) और अमेज (Amaze) सेडान रही है। लेकिन, भारत में अब खरीदारों का झुकाव कॉम्पैक्ट और मिडसाइज SUVs की तरफ है। SUV ज्यादा ग्राउंड क्लीयरेंस देती हैं और बेहतर विजिबिलिटी और दमदार लुक के साथ आती हैं।
पहली बार कार खरीदने वाले भी अब अमेज (Amaze) जैसी सेडान की जगह कॉम्पैक्ट SUV लेना पसंद कर रहे हैं। होंडा कार्स की ये सेडान मॉडल्स, जैसे होंडा सिटी और होंडा अमेज, अब SUV ट्रेंड के आगे फीकी पड़ रही हैं।
होंडा की नई SUV एलिवेट (Elevate) बाजार में उतनी पकड़ नहीं बना पाई, जितनी हुंडई क्रेटा (Hyundai Creta), किआ सेल्टोस (Kia Seltos), मारुति ग्रैंड विटारा (Maruti Grand Vitara) जैसी गाड़ियों की है। होंडा एलिवेट को लॉन्च हुए कुछ समय हो गया, लेकिन ये Hyundai Creta, Kia Seltos और Maruti Grand Vitara जैसे पॉपुलर SUV मॉडल्स से मुकाबला नहीं कर पा रही।
नतीजा साफ है कि जहां ग्रोथ सबसे ज्यादा है, होंडा वहीं पिछड़ रहा है। SUV सेगमेंट में Hyundai Creta और Kia Seltos की डिमांड देखकर लगता है कि होंडा कार्स को नई रणनीति अपनानी होगी।
EV और हाइब्रिड में पीछे
भारत का ऑटो मार्केट अब इलेक्ट्रिक और हाइब्रिड गाड़ियों की तरफ बढ़ रहा है। टाटा मोटर्स ने सितंबर 2025 में रिकॉर्ड 9,191 EV यूनिट्स बेचीं। वहीं, महिंद्रा और MG भी नए EV लॉन्च करके मार्केट शेयर बढ़ा रहे हैं। इसके मुकाबले होंडा के पास कोई EV नहीं है और न ही कोई सस्ता हाइब्रिड विकल्प है।
पेट्रोल इंजन की स्मूदनेस और आरामदायक केबिन होंडा कार्स की खासियत जरूर है, लेकिन 2025 में यह खरीदारों को आकर्षित करने के लिए काफी नहीं है। जहां टाटा के EV मॉडल्स बिक्री के नए रिकॉर्ड बना रहे हैं, वहीं होंडा कार्स EV सेगमेंट में बिल्कुल खाली हैं।
प्राइसिंग और फीचर्स की कमी
GST 2.0 के बाद छोटे वाहनों पर टैक्स कम हुआ, जिससे मारुति और टाटा जैसी कंपनियों ने कीमतों में कटौती करके खरीदारों को लुभाया। लेकिन, होंडा अपने मॉडल्स में बड़ी प्राइस एडवांटेज नहीं दे पाई।
यही वजह है कि सितंबर 2025 में 26% की गिरावट हुई, जो दिखाती है कि मौजूदा रणनीति काम नहीं कर रही है। होंडा सिटी, होंडा अमेज और होंडा एलिवेट जैसे मॉडल्स में फीचर्स की कमी और ऊंची प्राइसिंग खरीदारों को दूर कर रही है, खासकर जब Hyundai Creta और Kia Seltos जैसे SUV सस्ते ऑफर्स के साथ आ रहे हैं।
डीलर नेटवर्क और ऑफर्स
एक समय होंडा का डीलर नेटवर्क उसकी ताकत था, लेकिन अब मारुति, टाटा और कोरियन ब्रांड्स की तुलना में यह कमजोर दिखता है। जहां बाकी ब्रांड्स आक्रामक डिस्काउंट, एक्सचेंज बोनस और फाइनेंस स्कीम्स ऑफर कर रहे हैं, वहीं होंडा का कंजर्वेटिव एप्रोच डील्स को कम आकर्षक बना देता है। Maruti Grand Vitara और Tata EV जैसे मॉडल्स पर मिलने वाले भारी डिस्काउंट देखकर ग्राहक आसानी से खिंचे चले जाते हैं, जबकि होंडा कार्स के डीलर्स ऑफर्स में पीछे रह जाते हैं।









