देहरादून, 13 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)
Masoom Sharma FIR Dehradun : उत्तराखंड की राजधानी देहरादून के डालनवाला थाने में प्रसिद्ध हरियाणवी गायक मासूम शर्मा (Haryanvi Singer Masoom Sharma) के खिलाफ आपराधिक मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई 10 अप्रैल को देहरादून के डीएवी (पीजी) कॉलेज में आयोजित एक सार्वजनिक सांस्कृतिक कार्यक्रम के दौरान उनके आचरण को लेकर की गई है। सिंगर पर आरोप है कि उन्होंने कार्यक्रम के दौरान मंच से सार्वजनिक रूप से गाली-गलौज की और बेहद आपत्तिजनक व अश्लील शब्दों का प्रयोग किया।
छात्रों और जनता की भावनाएं आहत होने का आरोप
इस मामले में शिकायतकर्ता प्रांचल नौनी ने पुलिस को तहरीर दी है। शिकायत में कहा गया है कि गायक मासूम शर्मा के व्यवहार और उनकी भाषा से कार्यक्रम में मौजूद छात्र-छात्राओं के साथ-साथ आम जनता की भावनाएं आहत हुई हैं। शिकायत के आधार पर डालनवाला पुलिस ने मासूम शर्मा के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 296 (अश्लील कृत्य), धारा 352 (अपमानजनक कृत्य), धारा 79 (महिला की मर्यादा का अपमान) और धारा 351(3) (आपराधिक धमकी) के तहत मामला पंजीकृत किया है।
पुलिस की जांच और सिंगर की सफाई
देहरादून पुलिस ने एफआईआर दर्ज होने की पुष्टि करते हुए स्पष्ट किया है कि कानून की प्रक्रिया के तहत मामले की गहनता से जांच की जा रही है, जिसके बाद आगे की वैधानिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। दूसरी ओर, विवाद बढ़ता देख सिंगर मासूम शर्मा ने 11 अप्रैल को एक वीडियो संदेश जारी कर अपने कृत्य पर खेद प्रकट किया है और सार्वजनिक रूप से माफी मांगी है।
विवादों से पुराना नाता: हरियाणा पुलिस भी कस चुकी है शिकंजा
गायक मासूम शर्मा का विवादों से पुराना नाता रहा है। इसी साल जनवरी में हरियाणा पुलिस ने गैंग कल्चर और हथियारों के महिमामंडन के खिलाफ एक बड़ा अभियान चलाते हुए डिजिटल प्लेटफार्मों से 67 गाने हटवाए थे, जिनमें मासूम शर्मा के भी कई लोकप्रिय गाने शामिल थे। हरियाणा के पुलिस महानिदेशक अजय सिंघल के अनुसार, यह कार्रवाई राज्य में नफरत फैलाने और बंदूक संस्कृति को बढ़ावा देने वाले कलाकारों के खिलाफ जारी अभियान का हिस्सा है।
अकेले मार्च में हटाए गए 10 से ज्यादा गाने
हरियाणा पुलिस की साइबर अपराध इकाई की निगरानी के बाद केवल मार्च 2025 में ही सोशल मीडिया से 10 से अधिक विवादित गानों को हटाया गया था। पुलिस का दावा है कि मासूम शर्मा के कुछ गानों ने कानून व्यवस्था को चुनौती देने वाली जीवनशैली और हिंसा को बढ़ावा दिया। हालांकि, मासूम शर्मा ने पूर्व में पुलिसिया कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए इसे ‘पक्षपातपूर्ण’ बताया था और मांग की थी कि सभी कलाकारों के खिलाफ समान रूप से कार्रवाई होनी चाहिए।









