America-Russia Tensions : अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस के खिलाफ बड़ा और सख्त कदम उठाया है। उन्होंने रूस के करीब दो परमाणु पनडुब्बियों को तैनात करने का ऐलान किया है।
यह फैसला रूस की सुरक्षा परिषद के उपाध्यक्ष और पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव की धमकी भरे बयानों के जवाब में लिया गया है। ट्रंप ने इसकी जानकारी अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ पर दी। उन्होंने साफ शब्दों में कहा, “मैंने दो परमाणु पनडुब्बियों को तैनात करने का आदेश दिया है।”
ट्रंप का सख्त संदेश
ट्रंप ने अपनी पोस्ट में लिखा कि मेदवेदेव के भड़काऊ बयानों को देखते हुए यह कदम उठाया गया है। उन्होंने कहा, “रूसी संघ की सुरक्षा परिषद के उपाध्यक्ष दिमित्री मेदवेदेव ने जो उकसाने वाले बयान दिए हैं, उनके जवाब में मैंने रूस के पास दो परमाणु पनडुब्बियां तैनात करने का फैसला किया है।” ट्रंप ने आगे जोड़ा, “शब्द बहुत मायने रखते हैं।
गलत बयानों के गंभीर परिणाम हो सकते हैं। इस कदम से हम ऐसी बयानबाजी पर लगाम लगाना चाहते हैं।” उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में रूस की ओर से इस तरह के बयान नहीं आएंगे।
टैरिफ पर राहत, लेकिन तनाव बरकरार
ट्रंप ने हाल ही में कई देशों को राहत देते हुए टैरिफ लागू करने की तारीख को आगे बढ़ाया है। अब नई टैरिफ दरें 7 अगस्त से लागू होंगी। लेकिन रूस के साथ तनाव कम होने का नाम नहीं ले रहा। ट्रंप का यह कदम साफ तौर पर रूस को चेतावनी देने के लिए है कि अमेरिका किसी भी उकसावे का जवाब देने के लिए तैयार है।
भारत-रूस तेल व्यापार पर सस्पेंस
पिछले कुछ दिनों से भारत और रूस के बीच तेल व्यापार को लेकर कई खबरें सामने आई हैं। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि भारत की कंपनियां रूस से तेल खरीदना बंद कर देंगी। इस मुद्दे पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बयान दिया, लेकिन उन्होंने इन खबरों का पूरी तरह खंडन नहीं किया। इस वजह से भारत-रूस व्यापारिक रिश्तों पर सवाल उठ रहे हैं।









