Health Tips : अक्सर सर्दी या मौसम बदलने के साथ गले में दर्द होना आम बात है। शुरू में यह मामूली सा लगता है, लेकिन कई बार दर्द इतना बढ़ जाता है कि खाना निगलना या बोलना तक मुश्किल हो जाता है।
कुछ लोगों को यह परेशानी 2-3 दिनों में ठीक हो जाती है, वहीं कई बार यह लंबे समय तक बनी रहती है। ऐसे में यह जानना ज़रूरी है कि आखिर गले में दर्द होने के असली कारण क्या हैं।
वायरल संक्रमण: सबसे आम कारण
गले में दर्द का सबसे सामान्य कारण वायरल इंफेक्शन (Viral Infection) होता है। जब शरीर में वायरस प्रवेश करता है, तो वह गले के ऊपरी हिस्से में सूजन और जलन पैदा करता है।
इससे गले में खराश, दर्द, खांसी और बुखार जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। अधिकतर मामलों में यह परेशानी कुछ दिनों में अपने आप ठीक हो जाती है, लेकिन अगर बुखार लगातार बना रहे तो डॉक्टर से सलाह लेना चाहिए।
साइनस इंफेक्शन भी बन सकता है वजह
साइनस यानी खोपड़ी के अंदर मौजूद छोटी-छोटी गुहाओं में संक्रमण होने पर बलगम गले के पीछे की ओर बहने लगता है। इससे गले में जलन, खिच-खिच और दर्द महसूस होता है।
यह संक्रमण वायरस, बैक्टीरिया या फंगस से हो सकता है। साइनस की समस्या होने पर नाक बंद रहना, सिरदर्द और गले में भारीपन जैसे लक्षण भी दिख सकते हैं।
एलर्जी से गले में जलन
धूल, धुआं, पालतू जानवरों की रूसी या फफूंद जैसी चीज़ों से एलर्जी होना भी गले में दर्द की बड़ी वजह हो सकती है। जब शरीर एलर्जी से प्रभावित होता है, तो नाक से पानी टपकने और गले में खुजली की समस्या बढ़ जाती है।
अगर आपको बार-बार ऐसी परेशानी होती है, तो एलर्जी ट्रिगर से दूरी बनाना और डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
एसिड रिफ्लक्स (Acid Reflux): सुबह का गला दर्द
रात में खाना खाने के तुरंत बाद लेट जाना या ज़्यादा मसालेदार भोजन करने से पेट का एसिड ऊपर गले तक पहुंच सकता है। इसे एसिड रिफ्लक्स कहा जाता है।
इससे गले के पिछले हिस्से में जलन और दर्द महसूस होता है, जो अक्सर सुबह उठते समय ज्यादा होता है।
इससे बचने के लिए रात को हल्का भोजन करें और सोने से पहले कम से कम 2 घंटे का अंतर रखें।
टीबी या गले का संक्रमण
बहुत से लोग सोचते हैं कि टीबी सिर्फ फेफड़ों को प्रभावित करती है, लेकिन ऐसा नहीं है। टीबी गले के लिम्फ नोड्स में भी संक्रमण फैला सकती है, जिससे गले में सूजन, दर्द और निगलने में दिक्कत होती है।
अगर यह लक्षण लंबे समय तक बने रहें, तो तुरंत जांच कराना जरूरी है।
कैंसर से जुड़ी संभावना (कम लेकिन गंभीर)
कभी-कभी गले में लंबे समय तक बना रहने वाला दर्द गले के कैंसर का संकेत भी हो सकता है। हालांकि यह एक दुर्लभ कारण है, पर यदि दर्द के साथ आवाज़ बैठना, सूजन या खून आना जैसे लक्षण हों, तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।
घरेलू उपाय जो दे सकते हैं राहत
दिन में कई बार गुनगुने पानी से गरारे करें। शहद और अदरक का सेवन करें, यह सूजन कम करने में मदद करता है।
धूल और प्रदूषण से बचें। पर्याप्त पानी पिएं और शरीर को हाइड्रेट रखें।
ज्यादा ठंडी या मसालेदार चीज़ों से परहेज़ करें।
अगर गले में दर्द 10 दिनों से ज्यादा बना रहे, निगलने में कठिनाई हो या बुखार लगातार रहे, तो यह संकेत है कि आपको विशेषज्ञ की जरूरत है। देरी करने से संक्रमण बढ़ सकता है।
गले में दर्द एक आम समस्या है, लेकिन इसके पीछे कई अलग-अलग कारण हो सकते हैं जैसे वायरल संक्रमण, साइनस, एलर्जी, एसिड रिफ्लक्स या गंभीर स्थिति में टीबी या कैंसर।
समय पर ध्यान और सही इलाज से यह परेशानी जल्दी दूर की जा सकती है।









