Homemade Ubtan : प्राचीन भारत से लेकर आज तक, सुंदरता का असली राज़ हमेशा प्रकृति में छिपा रहा है। आयुर्वेद में ऐसा ही एक अद्भुत नुस्खा बताया गया है – उबटन।
यह न सिर्फ एक फेस पैक है, बल्कि एक ऐसा प्राकृतिक स्क्रब है जो त्वचा को अंदर तक साफ करता है, टैनिंग हटाता है और चेहरे पर नेचुरल ग्लो लाता है।
आज जब हर तरफ केमिकल प्रोडक्ट्स का बोलबाला है, ऐसे में घर पर बना उबटन आपकी त्वचा को न सिर्फ सुरक्षित रखता है, बल्कि उसकी खोई हुई नमी और चमक को भी लौटाता है।
उबटन क्या है और कैसे करता है काम?
उबटन दरअसल दालों, जड़ी-बूटियों, फूलों और मसालों से तैयार किया गया एक हर्बल पेस्ट होता है। यह त्वचा की ऊपरी सतह को धीरे-धीरे एक्सफोलिएट करता है, जिससे डेड स्किन हटती है और नई कोशिकाओं को सांस लेने का मौका मिलता है।
इससे रक्त संचार बेहतर होता है और चेहरा प्राकृतिक रूप से चमकने लगता है। इसमें शामिल हल्दी, बेसन, चंदन, नींबू और गुलाब जल जैसे तत्वों में एंटीसेप्टिक और स्किन ब्राइटनिंग गुण होते हैं, जो किसी भी केमिकल क्रीम से अधिक असरदार साबित हो सकते हैं।
घर पर ऐसे बनाएं आयुर्वेदिक उबटन
घर पर उबटन बनाना बेहद आसान है। इसके लिए आपको बस कुछ सामान्य सामग्री चाहिए जो हर किचन में मिल जाती है।
सामग्री
- दो चम्मच बेसन
- आधा चम्मच हल्दी
- एक चम्मच चंदन पाउडर
- कुछ बूंदें नींबू का रस
- गुलाब जल या दूध (मिश्रण बनाने के लिए)
अब सभी चीजों को मिलाकर एक गाढ़ा पेस्ट तैयार करें। इसे चेहरे और गर्दन पर समान रूप से लगाएं। 15 से 20 मिनट बाद जब यह सूख जाए, तो हल्के हाथों से गोलाई में रगड़ते हुए धो लें।
उसके बाद ताजे पानी से चेहरा साफ करें और हल्का मॉइस्चराइज़र लगाएं।
उबटन लगाने के फायदे
उबटन न सिर्फ त्वचा को साफ करता है बल्कि कई सौंदर्य समस्याओं से भी राहत देता है। यह डिटॉक्सिफायर की तरह काम करता है और स्किन को अंदर से पोषण देता है।
यह डेड स्किन सेल्स हटाता है और त्वचा को मुलायम बनाता है। सन टैनिंग कम करता है, जिससे त्वचा का असली रंग निखरता है।
पिंपल्स और दाग-धब्बे को घटाने में मदद करता है। चेहरे पर प्राकृतिक ग्लो लाता है। त्वचा को सॉफ्ट, फ्रेश और स्मूद बनाता है।
उपयोग के सही तरीके
अगर आप पहली बार उबटन इस्तेमाल कर रही हैं, तो इसे लगाने से पहले पैच टेस्ट जरूर करें। इसे हफ्ते में दो से तीन बार लगाना ही पर्याप्त है।
उबटन लगाने के बाद साबुन या फेसवॉश का इस्तेमाल न करें, क्योंकि इससे इसका असर कम हो सकता है। हमेशा ताज़ा उबटन ही लगाएं, इसे लंबे समय तक स्टोर न करें।
सुंदरता के पीछे भागने की बजाय, अगर हम आयुर्वेदिक उपायों को अपनाएं तो त्वचा खुद-ब-खुद निखर उठती है। उबटन सिर्फ एक घरेलू नुस्खा नहीं बल्कि हमारी परंपरा और प्राकृतिक जीवनशैली का हिस्सा है।
अगर आप भी अपनी स्किन केयर रूटीन को नेचुरल बनाना चाहती हैं, तो आज से ही उबटन को अपनाएं और पाएँ स्वस्थ, ग्लोइंग और निखरी त्वचा।







