Chhath Puja : छठ पूजा सिर्फ एक त्योहार नहीं, बल्कि यह प्रेम, भक्ति और एकता का प्रतीक है। बिहार, उत्तर प्रदेश और झारखंड सहित पूरे भारत में इसे बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है।
इस महापर्व की खास बात यह है कि इसमें सूर्य देव और छठी मैया को अर्घ्य दिया जाता है। लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस पूजा में कुछ विशेष चीजें बिना नहीं होतीं तो पूजा अधूरी मानी जाती है? आइए जानते हैं छठ पूजा में अनिवार्य 5 चीजें और उनके महत्व के बारे में।
ठेकुआ – प्रेम और भक्ति का प्रतीक
ठेकुआ छठ पूजा का सबसे खास प्रसाद है। यह केवल स्वादिष्ट ही नहीं बल्कि परिवार में सुख-शांति और समृद्धि का प्रतीक भी माना जाता है।
अर्घ्य के समय इसे बांस की डाली में रखकर सूर्य देव और छठी मैया को अर्पित किया जाता है। मान्यता है कि ठेकुआ बिना पूजा पूरी नहीं होती।
गन्ना – परिवार में मिठास और समृद्धि लाने वाला
गन्ना छठ पूजा में छठी मैया को चढ़ाने के लिए विशेष रूप से लिया जाता है। इसे भी बांस की डाली में रखकर अर्घ्य दिया जाता है।
पौराणिक कथाओं में गन्ना छठी मैया का प्रिय माना गया है। गन्ना चढ़ाने से परिवार में समृद्धि, स्वास्थ्य और सुख-शांति बनी रहती है।
पान और सुपारी – भक्ति और शुद्धता का प्रतीक
छठ पूजा में पान और सुपारी का महत्व बहुत ज्यादा है। सुपारी को देवी-देवताओं का निवास माना जाता है और पान भक्ति का प्रतीक है।
इन्हें अर्घ्य के समय डाली में रखा जाता है। यह विश्वास किया जाता है कि इनके बिना पूजा अधूरी रहती है और छठी मैया प्रसन्न नहीं होती।
डाभ नींबू – प्रकृति का उपहार
डाभ नींबू (बड़ा नींबू) भी छठ पूजा में जरूरी है। यह सूर्य देव को अर्पित किया जाता है और प्रकृति के उपहार का प्रतीक है।
इसे बांस की सूप या डाली में रखकर अर्घ्य के समय अर्पित किया जाता है। मान्यता है कि डाभ नींबू चढ़ाने से सूर्य देव प्रसन्न होते हैं और परिवार को स्वास्थ्य और समृद्धि प्राप्त होती है।
नारियल (श्रीफल) – पवित्रता और आशीर्वाद का प्रतीक
नारियल को त्रिदेव (ब्रह्मा, विष्णु, महेश) का निवास माना जाता है। इसे छठ पूजा में अर्पित करने से मां लक्ष्मी की कृपा मिलती है।
इसके साथ ही बुद्धि, मनोकामना पूर्ति और अहंकार का त्याग भी होता है। नारियल अर्पित किए बिना पूजा पूरी नहीं मानी जाती।
छठ पूजा में ठेकुआ, गन्ना, पान-सुपारी, डाभ नींबू और नारियल अनिवार्य हैं। ये प्रसाद छठी मैया और सूर्य देव को प्रसन्न करते हैं और परिवार में सुख, समृद्धि, स्वास्थ्य और संतान की दीर्घायु लाते हैं।
यदि आप इन पांच चीजों को अर्पित करना भूल जाते हैं, तो पूजा अधूरी मानी जाती है। इसलिए छठ पूजा में इन्हें जरूर शामिल करें और अपने परिवार की खुशहाली सुनिश्चित करें।









