Vinay Tyagi Murder Investigation : पुलिस कस्टडी में गैंगस्टर विनय त्यागी की हत्या की निष्पक्ष जांच के लिए हरिद्वार एसएसपी ने एसआईटी का गठन किया है। सीओ सिटी के नेतृत्व में बनी यह विशेष टीम सुरक्षा में हुई चूक और हत्या की साजिश की गहराई से पड़ताल करेगी।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुख्यात गैंगस्टर विनय त्यागी की पुलिस अभिरक्षा में हत्या ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब इस हाई-प्रोफाइल मामले की परतें खोलने के लिए हरिद्वार के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने खुद कमान संभाल ली है।
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उन्होंने रविवार रात मामले की गहन जांच के लिए सीओ सिटी शिशुपाल सिंह नेगी की अगुवाई में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया। यह टीम न केवल हत्यारों तक पहुंचेगी, बल्कि यह भी पता लगाएगी कि पुलिस वैन के भीतर इतनी बड़ी वारदात को अंजाम कैसे दिया गया।
24 दिसंबर: पेशी के दौरान खूनी खेल
रुड़की जेल से 24 दिसंबर को विनय त्यागी को लक्सर कोर्ट में पेशी के लिए ले जाया जा रहा था। तभी बाइक सवार बदमाशों ने पुलिस की गाड़ी को निशाना बनाते हुए ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। करीब तीन गोलियां लगने से विनय गंभीर रूप से घायल हो गया था।
उसे तत्काल एम्स ऋषिकेश रेफर किया गया, जहां तीन दिन तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद शनिवार सुबह उसने दम तोड़ दिया। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गुरुवार को ही गिरफ्तार कर लिया था। विनय की मौत के बाद अब पुलिस ने मामले को हत्या के प्रयास से हत्या में तरमीम कर जांच तेज कर दी है।
एसएसपी का निर्देश: समयबद्ध हो जांच
पुलिस अभिरक्षा में हुई इस हत्या को एसएसपी डोबाल ने बेहद गंभीरता से लिया है। उन्होंने नवगठित एसआईटी को निर्देश दिए हैं कि जांच पूरी तरह तथ्यों पर आधारित होनी चाहिए। घटना से जुड़े प्रत्येक पहलू, मौके से मिले साक्ष्य और परिस्थितियों की बारीकी से जांच की जाए। एसएसपी ने स्पष्ट कहा है कि जांच को एक तय समय सीमा के भीतर पूरा कर रिपोर्ट सौंपी जाए, ताकि यह साफ हो सके कि इस साजिश की जड़ें कहां तक फैली हैं।
जांच टीम में इन अधिकारियों को मिली जिम्मेदारी
इस संवेदनशील मामले को सुलझाने के लिए जिले के तेज-तर्रार अफसरों की टीम बनाई गई है। सीओ सिटी शिशुपाल सिंह नेगी के नेतृत्व वाली एसआईटी में पथरी एसओ मनोज नौटियाल और बहादराबाद एसओ अंकुर शर्मा को शामिल किया गया है। जमीनी स्तर पर जांच को मजबूत करने के लिए लक्सर कोतवाली के एसआई विपिन कुमार, हेड कांस्टेबल विनोद कुंडलिया और रुड़की सीआईयू के कांस्टेबल महिपाल को भी टीम का हिस्सा बनाया गया है।
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