हल्द्वानी। उत्तराखंड के पर्वतीय मार्ग पर शुक्रवार सुबह एक भीषण सड़क हादसे ने सबको दहला दिया। हल्द्वानी से पिथौरागढ़ के डीडीहाट जा रही केमू (KEMU) की एक बस ज्योलीकोट-भवाली मोटर मार्ग पर अनियंत्रित होकर सड़क पर ही पलट गई। खुपी क्षेत्र में भूमियाधार मंदिर के पास हुए इस हादसे में एक 44 वर्षीय व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। मृतक की शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं।
हादसे की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि बस पलटने से पहले चालक ने स्टीयरिंग से नियंत्रण खो दिया था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बेकाबू हुई बस ने सड़क पर चल रहे दो अन्य वाहनों को भी अपनी चपेट में लिया। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बस बीच सड़क पर ही पलट गई, जिससे भीतर सवार यात्रियों में चीख-पुकार मच गई।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस, एसडीआरएफ (SDRF) और फायर ब्रिगेड की टीमें तत्काल मौके पर पहुंचीं। स्थानीय ग्रामीणों की मदद से राहत और बचाव कार्य शुरू किया गया। बस की खिड़कियां और दरवाजे फंस जाने के कारण रेस्क्यू टीम को यात्रियों को बाहर निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। मौके पर मौजूद एसडीआरएफ के एसआई मनीष भाकुनी ने बताया कि घायलों को तुरंत एंबुलेंस के जरिए नजदीकी अस्पतालों में पहुंचाया गया।
प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार, दुर्घटना में कुल 8 लोग घायल हुए हैं। प्राथमिक उपचार के बाद 6 लोगों की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल (STH) रेफर कर दिया गया है। इन घायलों में बस का ड्राइवर और कंडक्टर भी शामिल हैं, जिनकी हालत नाजुक बनी हुई है। वहीं, दो अन्य मामूली रूप से घायल यात्रियों का इलाज भवाली के सरकारी अस्पताल में चल रहा है।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि हादसा बस में तकनीकी खराबी के कारण हुआ या तेज रफ्तार इसकी वजह थी। हल्द्वानी-भवाली मार्ग पर आए दिन होने वाले हादसों ने एक बार फिर पहाड़ी रास्तों पर सुरक्षा और वाहनों की फिटनेस को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।









