---Advertisement---

PM Modi Dehradun Visit 2026 : आशारोड़ी से गढ़ीकैंट तक छावनी में तब्दील हुई राजधानी, सुरक्षा सख्त

---Advertisement---

देहरादून, 04 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड आगमन और दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे के बहुप्रतीक्षित लोकार्पण को लेकर देहरादून जिला प्रशासन ने अपनी सक्रियता चरम पर पहुंचा दी है। शनिवार को जिलाधिकारी सविन बंसल और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक प्रमेन्द्र डोबाल खुद सड़कों पर उतरे और प्रस्तावित रूट का चप्पा-चप्पा छाना।

प्रशासनिक अमले ने आशारोड़ी चेकपोस्ट से लेकर गढ़ीकैंट स्थित महेन्द्र ग्राउंड तक के पूरे मार्ग का सघन निरीक्षण किया। इस दौरान एनएचएआई और लोक निर्माण विभाग को दो-टूक निर्देश दिए गए कि प्रधानमंत्री के काफिले के गुजरने वाले रास्ते में एक भी कमी नहीं रहनी चाहिए।

सड़कों के बीच टूटे हुए डिवाइडर, उखड़े हुए पैचवर्क और धुंधली पड़ चुकी दीवारों को तुरंत ठीक करने का आदेश जारी हुआ है। जिलाधिकारी ने साफ कहा कि शहर के एंट्री प्वाइंट से लेकर कार्यक्रम स्थल तक सौंदर्यीकरण का काम समय पर पूरा हो जाना चाहिए। सड़क किनारे पड़ा मलबा और पुराने होर्डिंग्स प्रशासन की रडार पर हैं, जिन्हें तत्काल हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

प्रधानमंत्री की सुरक्षा को लेकर कोई कसर न रहे, इसके लिए एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल ने सुरक्षा प्रोटोकॉल की समीक्षा की। पूरे रूट पर वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान आम जनता को कम से कम असुविधा हो, इसके लिए वैकल्पिक ट्रैफिक प्लान पर भी चर्चा हुई।

गढ़ीकैंट स्थित महेंद्र ग्राउंड को मुख्य आयोजन के लिए फाइनल किया गया है। डीएम ने यहां मुख्य पंडाल के ढांचे, आम जनता के बैठने की क्षमता और पेयजल की उपलब्धता का जायजा लिया। भारी भीड़ जुटने की उम्मीद को देखते हुए मोबाइल शौचालय और सूक्ष्म जलपान की पुख्ता व्यवस्था करने को कहा गया है।

पार्किंग की समस्या देहरादून की पुरानी चुनौती रही है, इसलिए कार्यक्रम स्थल के पास बड़े पार्किंग जोन चिन्हित किए गए हैं। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वाहनों की आवाजाही इतनी स्मूथ हो कि कहीं भी जाम की स्थिति पैदा न हो।

निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी अभिनव शाह, संयुक्त मजिस्ट्रेट राहुल आनंद और एनएचएआई की प्रबंधक शालू चौहान समेत भारी संख्या में अधिकारी मौजूद रहे। जिलाधिकारी ने चेतावनी दी है कि समन्वय में कमी या काम में ढिलाई बरतने वाले अफसरों पर सीधी गाज गिरेगी।

दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे न केवल पर्यटन बल्कि आर्थिक लिहाज से भी उत्तराखंड की लाइफलाइन माना जा रहा है। इसके शुरू होने से दिल्ली से दून की दूरी महज ढाई घंटे की रह जाएगी, जो इस दौरे का सबसे बड़ा आकर्षण है।

Join WhatsApp

Join Now
---Advertisement---

Leave a Comment