पौड़ी गढ़वाल, 27 जून 2026 (दून हॉराइज़न)।
Leopard Attack : पौड़ी गढ़वाल जिले के लैंसडाउन विधानसभा क्षेत्र में आदमखोर गुलदार ने एक महिला को अपना निवाला बना लिया है। नैनीडांडा विकास खंड के ग्राम सभा बणासी तल्ली में वन विभाग ने वन कर्मियों के भारी अमले के साथ एक प्रशिक्षित शूटर तैनात कर दिया है।
शनिवार 27 जून की सुबह गांव की रहने वाली सुशीला देवी अपनी साथी शांति देवी के साथ ऊपरी जंगल क्षेत्र में मवेशियों के लिए घास काटने गई थीं। घनी झाड़ियों के बीच पहले से घात लगाकर बैठे एक गुलदार ने अचानक सुशीला देवी पर जानलेवा झपट्टा मार दिया।
गुलदार का वार इतना तेज और अप्रत्याशित था कि सुशीला को बचने या संभलने का कोई मौका नहीं मिला। गुलदार महिला को अपने जबड़े में जकड़कर तेजी से घसीटते हुए गहरे जंगल की ओर ले गया।
कुछ ही दूरी पर मौजूद शांति देवी ने यह खौफनाक मंजर देखकर पूरी ताकत से चीखना शुरू किया और गांव वालों को पुकारा। चीख-पुकार सुनकर बड़ी संख्या में ग्रामीण हाथों में लाठी-डंडे और हथियार लेकर जंगल की तरफ दौड़े।
ग्रामीणों ने जंगल में सघन तलाशी अभियान चलाया। काफी जद्दोजहद के बाद घटना स्थल से कुछ ही दूरी पर घनी झाड़ियों के बीच ग्रामीणों को सुशीला देवी का शव क्षत-विक्षत हालत में बरामद हुआ।
इलाके में दहशत के साथ भारी मातम छा गया है। आक्रोशित ग्रामीणों ने क्षेत्रीय विधायक महंत दिलीप रावत को फोन पर पूरी स्थिति से अवगत कराया। लोगों ने वन विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए गुलदार को तुरंत पिंजरे में कैद करने की सख्त मांग रखी है।
वन प्रभाग पौड़ी की एसडीओ आयशा बिष्ट ने तत्काल एक्शन लेते हुए रेस्क्यू टीम को साजो-सामान के साथ मौके पर रवाना किया। प्रभावित क्षेत्र में गुलदार के मूवमेंट को ट्रैक करने के लिए वन कर्मी पिंजरे और ट्रैप कैमरे इंस्टॉल कर रहे हैं।
वन विभाग की एक विशेष टीम पूरे इलाके में लगातार गश्त कर रही है। प्रशिक्षित शूटर को गांव में ही कैंप करने के निर्देश दिए गए हैं ताकि आवश्यकता पड़ने पर तत्काल विधिक कार्रवाई अमल में लाई जा सके।
वन्यजीवों के बढ़ते हमलों से ग्रामीणों का खेतों में काम करना और मवेशियों को चराना पूरी तरह से जोखिम भरा हो गया है। एसडीओ आयशा बिष्ट ने गांव वालों से अपील की है कि वे अकेले सुनसान रास्तों पर बिल्कुल न जाएं और गुलदार के दिखाई देने पर तुरंत वन विभाग को सूचित करें।









