देहरादून, 7 जुलाई 2026 (दून हॉराइज़न)।
Operation Prahar : देहरादून पुलिस ने फव्वारा चौकी क्षेत्र में 13 लाख 80 हजार रुपये की अवैध स्मैक बरामद की है। दो युवक स्कूटी पर सवार होकर इस ड्रग्स की डिलीवरी देने जा रहे थे। पुलिस टीम ने दोनों को 46 ग्राम स्मैक के साथ गिरफ्तार कर लिया है।
मुख्यमंत्री के ‘ड्रग्स फ्री देवभूमि’ विजन को लेकर देहरादून में ऑपरेशन प्रहार चल रहा है। एसएसपी ने सभी थाना प्रभारियों को मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के सख्त निर्देश जारी किए हैं। पुलिस सभी थाना क्षेत्रों में नशा तस्करों को चिह्नित कर लगातार बैरिकेडिंग और सघन तलाशी अभियान चला रही है।
6 जुलाई 2026 को नेहरू कॉलोनी थाना पुलिस फव्वारा चौकी इलाके में वाहन चेक कर रही थी। एक स्कूटी पर आ रहे दो संदिग्ध युवकों को रोककर पुलिस ने तलाशी ली। उनके पास से 46 ग्राम अवैध स्मैक बरामद हुई। पुलिस ने मौके पर ही ड्रग्स जब्त कर तस्करी में इस्तेमाल हो रहे वाहन को सीज कर दिया।
पकड़े गए पहले आरोपी की पहचान 23 वर्षीय तरुण उर्फ चीनू के रूप में हुई है। तरुण पटेलनगर थाना क्षेत्र के ब्रह्मपुरी का रहने वाला है। दूसरा आरोपी 18 वर्षीय विकास मूल रूप से उत्तर प्रदेश में मुजफ्फरनगर जिले के बुढ़ाना स्थित किनौनी गांव का निवासी है। विकास फिलहाल देहरादून के चंद्रबनी इलाके में रह रहा था।
पूछताछ में दोनों आरोपियों ने कुबूल किया कि वे खुद भी नशे के आदी हैं। यह स्मैक वे उत्तर प्रदेश के नजीबाबाद (बिजनौर) में एक स्थानीय तस्कर से खरीदकर लाए थे। इसमें से कुछ हिस्सा वे अपने लिए इस्तेमाल करने वाले थे। बाकी बची हुई ड्रग्स को देहरादून के युवाओं को मोटे दाम पर बेचकर वे मुनाफा कमाने की फिराक में थे।
नेहरू कॉलोनी थाने में पुलिस ने दोनों के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 253/2026 दर्ज किया है। आरोपियों पर एनडीपीएस एक्ट की धारा 8, 21, 29 और 60 के तहत केस लिखा गया है। पुलिस अब बिजनौर से जुड़े इन तस्करों के नेटवर्क की डिटेल खंगाल रही है।
नशा तस्करों को पकड़ने वाली टीम का नेतृत्व फव्वारा चौकी प्रभारी उपनिरीक्षक धनीराम पुरोहित कर रहे थे। उनके साथ हेड कांस्टेबल सतेन्द्र कुमार और कांस्टेबल राकेश बलूनी भी इस चेकिंग अभियान में तैनात थे। पुलिस पकड़े गए आरोपियों का पुराना आपराधिक इतिहास भी निकाल रही है।









