देहरादून, 29 अप्रैल 2026 (दून हॉराइज़न)। पुष्पांजलि इंफ्राटेक के जरिए करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले आरोपी दंपत्ति पर कानून का शिकंजा कसने लगा है। दुबई में हिरासत में ली गई राखी मित्तल को भारत लाने के लिए देहरादून पुलिस की एक विशेष टीम जल्द ही यूएई (UAE) रवाना होगी। राखी मित्तल, इस पूरे घोटाले के मास्टरमाइंड दीपक मित्तल की पत्नी है।
पुलिस का मानना है कि राखी की गिरफ्तारी के बाद अब दीपक मित्तल तक पहुंचना आसान हो जाएगा, जिसने नौकरशाहों से लेकर आम जनता की गाढ़ी कमाई डकारी है।
दस्तावेजों की प्रक्रिया हुई तेज
एसपी सिटी प्रमोद कुमार के अनुसार, यूएई की सुरक्षा एजेंसी ने राखी मित्तल की सुपुर्दगी (Extradition) से पहले संबंधित कानूनी दस्तावेज मांगे हैं। इन महत्वपूर्ण दस्तावेजों को राज्य की नोडल एजेंसी सीबीसीआईडी (CBCID) के माध्यम से विदेश मंत्रालय को भेजा जा रहा है। वहां से इन कागजातों को यूएई सरकार को सौंपा जाएगा, जिसके बाद प्रत्यर्पण की आधिकारिक कार्रवाई शुरू होगी।
धोखाधड़ी का तरीका और वित्तीय गबन
पुष्पांजलि इंफ्राटेक ने शुरुआत में ‘आर्चिड पार्क’ और ‘एमीनेंट हाइट्स’ जैसे प्रोजेक्ट्स के जरिए बाजार में भरोसा कायम किया था। इसी भरोसे की आड़ में मास्टरमाइंड दीपक मित्तल ने शातिराना खेल खेला। आरोप है कि उसने एक ही फ्लैट नंबर की बुकिंग कई अलग-अलग लोगों से की।
कंपनी के आधिकारिक खातों में आई करोड़ों की रकम को घुमाकर उसने अपने और परिजनों के निजी खातों में ट्रांसफर कर लिया। जांच में सामने आया है कि करीब 90 फ्लैट खरीदारों के 45 करोड़ रुपये डकारे गए हैं। कार्रवाई से बचने के लिए आरोपी ने अपनी अधिकांश संपत्तियां पहले ही बेच दीं या अपने पिता अश्विनी के नाम कर दी थीं।
हाईकोर्ट की राहत और फरार होने की कहानी
दीपक मित्तल की फरारी का मामला भी पुलिस के लिए सरदर्द बना रहा है। वर्ष 2020 में फरार होने के बाद, वह 2022 में हाईकोर्ट से गिरफ्तारी पर स्टे लेकर वापस भारत लौटा था। जांच में सहयोग के नाम पर उसका पासपोर्ट जमा कराया गया था, जिसे उसने बाद में कोर्ट के आदेश पर वापस ले लिया।
जैसे ही 22 नवंबर 2022 को दून पुलिस ने उस पर गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया, वह रातोंरात फिर गायब हो गया। आशंका है कि वह सड़क मार्ग से नेपाल गया और वहां से दूसरे देश के लिए उड़ान भर ली।
साझेदारों की भूमिका
इस पूरे प्रकरण में देवपुरा योग आश्रम (हरिद्वार) निवासी दीपक और राखी मित्तल के साथ राजपाल वालिया भी पुष्पांजलि कंपनी में पार्टनर रहे हैं। वालिया को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है। अब पुलिस की प्राथमिकता राखी मित्तल को भारत लाकर इस बड़े वित्तीय घोटाले की कड़ियों को जोड़ना है।









