---Advertisement---

बागेश्वर के पगना-बिलौना मार्ग पर ततैयों का हमला, 6 बच्चे पहुंचे अस्पताल

---Advertisement---

दून हॉराइज़न, देहरादून (21 अगस्त 2026): उत्तराखंड के पर्वतीय और मैदानी इलाकों में वन्यजीवों के साथ-साथ अब पालतू व आवारा जीवों का आतंक चरम पर पहुंच गया है। चमोली के नारायणबगड़ बाजार में आवारा कुत्तों के लगातार हमलों के चलते जिलाधिकारी ने एहतियात के तौर पर 10 स्कूलों में सीधे 3 दिन के अवकाश के आदेश जारी कर दिए हैं। बागेश्वर, गरुड़ और खटीमा से भी मासूम बच्चों तथा महिलाओं पर बंदरों और ततैयों के झुंड द्वारा किए गए गंभीर हमलों की पुष्टि हुई है।

नारायणबगड़ मुख्य बाजार क्षेत्र में बीते तीन दिनों से पागल व खूंखार हो चुके आवारा कुत्तों का झुंड राहगीरों पर टूट पड़ रहा है। सुबह मॉर्निंग वॉक पर निकले स्थानीय नागरिक नीरज पुरोहित और पुष्कर रावत को कुत्तों ने अचानक घेरकर बुरी तरह नोंच लिया।

बाजार में खरीदारी करने पहुंच रहे ग्रामीणों और व्यापारियों में इन हमलों के बाद भारी आक्रोश फैल गया है। सड़क पर चलना जोखिम भरा होने के बाद प्रशासन ने वन विभाग और पशुपालन विभाग की संयुक्त टीमों को मौके पर उतारकर कुत्तों को पकड़ने के निर्देश दिए हैं।

बागेश्वर जनपद की कोतवाली सीमा के अंतर्गत पगना-बिलौना मार्ग पर गुरुवार सुबह पौने सात बजे एक दर्दनाक घटना सामने आई। स्कूल जा रहे छह छोटे बच्चों पर पेड़ों से उतरे ततैयों के एक बड़े झुंड ने हमला बोल दिया।

ततैयों के डंक से चीखते-पुलाते बच्चों की आवाज सुनकर दौड़े स्थानीय लोगों ने उन्हें तुरंत जिला अस्पताल बागेश्वर पहुंचाया। घायल बच्चों में लक्की, करन, भास्कर, अनसीखा, हिमांशु और कृष्ण गुरुरानी शामिल थे।

अस्पताल के चिकित्सक डॉ. नितिन के अनुसार पांच बच्चों को प्राथमिक उपचार देकर घर भेज दिया गया है। लक्की टाकुली के शरीर पर गंभीर डंक लगने की वजह से उसे निगरानी में वॉर्ड के भीतर भर्ती रखा गया है।

गरुड़ तहसील के ग्वाड़-पजेणा गांव में 14 वर्षीय छात्र प्रियांशु जोशी पर बंदरों के झुंड ने हमला कर दिया। जीवन चंद्र जोशी का बेटा प्रियांशु बुधवार सुबह 11 बजे घांघली बाजार में संचालित एक कोचिंग सेंटर से ट्यूशन पढ़कर पैदल घर जा रहा था।

रास्ते में सात से आठ बंदरों के झुंड ने किशोर को घेर लिया। प्रियांशु ने जब खुद को बचाने के लिए उन्हें भगाने की कोशिश की तो बंदर हिंसक हो उठे और उसके दाएं पैर के पिछले हिस्से में चार जगह गहरे दांत गड़ा दिए।

लहूलुहान छात्र के चीखने पर पहुंचे स्वजन उसे तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बैजनाथ लेकर गए। डॉक्टरों ने घाव की गंभीरता को देखते हुए एंटी-रेबीज इंजेक्शन लगाए।

क्षेत्र पंचायत सदस्य प्रमोद जोशी और ग्राम प्रधान मनोज कुमार ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। जनप्रतिनिधियों ने मांग की है कि घायल छात्र के इलाज का पूरा खर्च और उचित सरकारी मुआवजा तुरंत सौंपा जाए।

वन क्षेत्राधिकारी एमएस गुसाईं ने स्पष्ट किया है कि छात्र पर हुए हमले की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। विभागीय नियमों और मानकों के तहत पीड़ित परिवार को आर्थिक मुआवजा दिया जाएगा और क्षेत्र में बंदरों को पकड़ने का अभियान चलेगा।

उधमसिंह नगर जिले के खटीमा स्थित पचौरिया नई बस्ती में गुरुवार शाम भूपेंद्र राम की बेटी सुमन पर बंदरों ने हमला बोला। सुमन रोजमर्रा का घरेलू सामान खरीदने के लिए पास की एक परचून दुकान पर जा रही थी।

सामान लेकर लौटते समय बंदरों के झुंड ने सुमन को सड़क पर गिराकर पैर में काट लिया। आसपास के दुकानदारों और राहगीरों ने लाठियां फटकार कर युवती की जान बचाई और उसे तुरंत उपजिला चिकित्सालय पहुंचाया।

पचौरिया नई बस्ती के निवासियों का कहना है कि इसी इलाके में बंदर इससे पहले भी तीन अन्य लोगों को काटकर लहूलुहान कर चुके हैं। लगातार हो रही इन घटनाओं के बाद पूरे क्षेत्र में बच्चों को अकेले बाहर भेजने से परिवार कतराने लगे हैं।

Join WhatsApp

Join Now
---Advertisement---

Leave a Comment