दून हॉराइज़न, देहरादून (27 सितंबर) : राजधानी देहरादून के राजपुर रोड स्थित कांग्रेस मुख्यालय में रविवार को सियासी पारा अचानक चढ़ गया। प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष सूर्यकांत धस्माना ने प्रेस वार्ता कर केंद्र और राज्य की सत्ता पर काबिज भाजपा के खिलाफ तीखा मोर्चा खोला। एक राष्ट्रीय दैनिक की हालिया खोजी रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने दावा किया कि चुनाव प्रणाली की खामियां अब सार्वजनिक मंच पर बेनकाब हो चुकी हैं। भाजपा के हमलों को केवल उनकी हताशा बताया गया।
चुनाव आयोग की बैठक और असहमति के बिंदुओं पर घेरा
धस्माना ने शनिवार को चुनाव आयोग (Election Commission) के भीतर हुई अहम बैठक का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ पत्रकार रितिका चोपड़ा द्वारा उजागर किए गए तथ्यों का आयोग ने कोई औपचारिक खंडन नहीं किया है। मुख्य चुनाव आयुक्त और अन्य दो आयुक्तों के बीच कार्यप्रणाली को लेकर उपजी असहमति की खबरों पर मुहर लग चुकी है। कांग्रेस का आरोप है कि मुख्य मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए सत्तापक्ष अब राहुल गांधी और विपक्षी नेताओं पर अनर्गल बयानबाजी करने में जुटा है।
नोटबंदी से लेकर पेपर लीक तक के दावों की याद
पत्रकारों से बातचीत में धस्माना ने पिछले कुछ वर्षों के बड़े नीतिगत फैसलों का जिक्र छेड़ा। उन्होंने कहा कि जिस तरह नोटबंदी, जीएसटी, कोविड कुप्रबंधन और नीट पेपर लीक (NEET Paper Leak) जैसे राष्ट्रीय मसलों पर राहुल गांधी की आशंकाएं सच साबित हुईं, उसी तर्ज पर मतदाता सूचियों में कथित गड़बड़ी का सच भी सामने आ रहा है। उनका कहना था कि विपक्ष को भ्रमित बताने वाले नेता असल में खुद जमीनी हकीकत से आंखें मूंदे बैठे हैं।
उत्तराखंड में बूथ स्तर पर पहरेदारी का संकल्प
उत्तराखंड के संदर्भ में धस्माना ने साफ किया कि प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल के नेतृत्व में पार्टी हर जायज मतदाता के अधिकार की रक्षा करेगी। राज्य के पर्वतीय और मैदानी जिलों में मतदाता सूची पुनरीक्षण के दौरान नाम कटने की शिकायतों को कांग्रेस गंभीरता से ले रही है। इसके लिए बूथ स्तर पर बीएलओ की गतिविधियों पर नजर रखने और कानूनी सहायता प्रकोष्ठ को सक्रिय करने की योजना बनाई जा रही है। किसी भी सूरत में वैध नागरिक का नाम सूची से बाहर नहीं होने दिया जाएगा।









