रुद्रपुर, 24 जून 2026 (दून हॉराइज़न)।
Rudrapur Firing : उधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर का गावा चौक मंगलवार रात गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठा। पुरानी रंजिश के चलते एक स्कूटी सवार युवक ने कार को निशाना बनाकर दो राउंड सीधे फायर ठोक दिए। कार के शीशों को चीरती हुई गोलियां निकल गईं, जिससे वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस हमले में कार सवार तीन युवक बेहद चमत्कारिक ढंग से बच गए।
हथियारबंद हमलावर वारदात को अंजाम देकर मौके से रफूचक्कर हो गया। पीड़ित पक्ष ने तत्काल रुद्रपुर कोतवाली पुलिस को इस खूनी संघर्ष की सूचना दी। पुलिस ने क्षतिग्रस्त गाड़ी को कब्जे में ले लिया है। गोलियों के गहरे निशान समेटे यह कार इस समय कोतवाली परिसर में खड़ी है।
बिलासपुर के युवकों को गावा चौक पर घेरा
उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले के अंतर्गत आने वाले बिलासपुर थाना क्षेत्र के ग्राम दिबदिबा का रहने वाला एशप्रीत सिंह अपनी कार से रुद्रपुर आया हुआ था। उसके साथ गाड़ी में गुरदीप सिंह और अर्जुन सिंह भी मौजूद थे। यह तीनों दोस्त जैसे ही गावा चौक के पास पहुंचे, वहां पहले से घात लगाकर बैठा जितेन्द्र चौधरी उर्फ विरथ चौधरी अपनी स्कूटी के साथ खड़ा मिला।
आरोपी लंबे समय से एशप्रीत की टोह ले रहा था। पुरानी दुश्मनी के कारण वह सही मौके की तलाश में था। एशप्रीत की कार को देखते ही विरथ चौधरी ने स्कूटी रोकी और सीधे तमंचा तान दिया। उसने जान से मारने की नीयत से एक के बाद एक दो फायर झोंक दिए।
गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी
अचानक हुए इस हमले से बाजार में हड़कंप मच गया। आरोपी विरथ चौधरी ने फायरिंग के दौरान जमकर गाली-गलौज की। उसने चीखते हुए युवकों को धमकी दी कि आज तुम्हें जान से मार दूंगा। एशप्रीत सिंह ने सूझबूझ दिखाते हुए पैर सीधे एक्सीलेटर पर दबा दिया। कार रफ्तार पकड़कर हमलावर के चंगुल से दूर निकल गई, जिससे तीनों की जान बच सकी।
फॉरेंसिक जांच और सीसीटीवी फुटेज खंगालने में जुटी पुलिस
रुद्रपुर के कोतवाल एसएस अनिल जोशी ने बताया कि पीड़ित एशप्रीत सिंह की तहरीर के आधार पर आरोपी जितेन्द्र चौधरी उर्फ विरथ चौधरी के खिलाफ सख्त धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया गया है। पुलिस टीम घटनास्थल और उसके आसपास के रूट पर लगे तमाम सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है ताकि हमलावर के भागने का सटीक रूट मैप मिल सके।
शिकायतकर्ता ने पुलिस को नामजद आरोपी का मोबाइल नंबर भी सौंप दिया है, जिसे सर्विलांस पर डाल दिया गया है। कोतवाली पुलिस की एक टीम कार पर मौजूद गोलियों के निशानों का बारीकी से रासायनिक परीक्षण कर फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाने में लगी है। प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं, जिसके आधार पर विधिक कार्रवाई को आगे बढ़ाया जाएगा।









